Wednesday, 14 January 2026

सागर पुलिस में ASP के फर्जी साइन का मामला: DIG ने बर्खास्त किया, IG ने छीने सितारे और पदावनत किया


 सागर जिले में पुलिस विभाग में एएसपी के फर्जी हस्ताक्षर का मामला सामने आने के बाद विभाग में हड़कंप मच गया। सैसई चौकी में पदस्थ एक एएसआई ने मर्ग ड्राफ्ट पर एएसपी के हस्ताक्षर जानबूझकर फर्जी तरीके से किए, जिससे विभागीय कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए।

जांच के बाद डीआईजी सागर रेंज ने मामले की गंभीरता को देखते हुए एएसआई को सेवा से बर्खास्त कर दिया। लेकिन इसके बाद आईजी सागर रेंज ने आदेश में बदलाव करते हुए एएसआई को बहाल कर आरक्षक बना दिया और उसके कंधों से सितारे छीन लिए।

यह मामला सागर पुलिस में अनुशासन और जवाबदेही के लिए एक कड़ा संदेश माना जा रहा है।


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देश विरोधी साजिश में आसिया अंद्राबी दोषी करार, NIA कोर्ट का बड़ा फैसला; 17 जनवरी को सजा का ऐलान


 एडिशनल सेशंस जज चंदरजीत सिंह ने मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि आरोप बेहद गंभीर प्रकृति के हैं। तीनों आरोपियों को UAPA की धारा 18 और 38 के तहत दोषी पाया गया है। धारा 18 आतंकी साजिश से जुड़ी है, जबकि धारा 38 आतंकी संगठन की सदस्यता से संबंधित है।

आसिया अंद्राबी प्रतिबंधित संगठन ‘दुख्तनई दिल्ली: राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) की विशेष अदालत ने कश्मीरी अलगाववादी नेता आसिया अंद्राबी को देश के खिलाफ साजिश रचने और आतंकी गतिविधियों में शामिल होने का दोषी करार दिया है। कोर्ट ने आसिया अंद्राबी के साथ उसकी दो सहयोगियों सोफी फहमिदा और नाहिदा नसरीन को भी दोषी ठहराया है। अदालत अब 17 जनवरी को तीनों को सजा सुनाएगी।

रान-ए-मिल्लत’ की प्रमुख रही है, जिसकी स्थापना उसने वर्ष 1987 में की थी। जांच एजेंसियों के अनुसार, यह संगठन कश्मीर में अलगाववाद और आतंकवाद को बढ़ावा देने में सक्रिय था। आसिया अंद्राबी को पाकिस्तान स्थित आतंकी हाफिज सईद का करीबी भी माना जाता है। एनआईए की लंबी जांच और पुख्ता सबूतों के आधार पर कोर्ट ने यह फैसला सुनाया है।


ग्रेटर नोएडा में सनसनी: कार के नीचे मिला 27 वर्षीय युवती का शव, रापुलिसतभर थी लापता, जांच में जुटी


ग्रेटर नोएडा: दिल्ली से सटे ग्रेटर नोएडा के थाना बीटा-2 क्षेत्र में सोमवार सुबह उस वक्त सनसनी फैल गई, जब बीटा-2 पार्क के पास एक खड़ी कार के नीचे 27 वर्षीय युवती का शव बरामद हुआ। मृतका की पहचान दीपा, निवासी पिपरी, थाना महोकंठ, जिला महोबा (वर्तमान पता सेक्टर बीटा-2) के रूप में हुई है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।

पुलिस के अनुसार, दीपा अपने छोटे भाई के साथ सेक्टर बीटा-2 में किराए के मकान में रहती थी और नोएडा सेक्टर-60 स्थित एक कॉल सेंटर में पिछले एक साल से काम कर रही थी। परिजनों ने बताया कि वह रविवार सुबह रोज की तरह नौकरी के लिए निकली थी, लेकिन देर रात तक घर वापस नहीं लौटी।

रातभर भाई ने उससे संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन मोबाइल फोन बंद मिला। सोमवार सुबह पुलिस को बीटा-2 पार्क के पास एक कार के नीचे युवती का शव मिलने की सूचना मिली। मौके पर पहुंची पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल की बारीकी से जांच की।

शव संदिग्ध अवस्था में मिला है, जिससे प्रथम दृष्टया मामला सड़क दुर्घटना का भी हो सकता है, हालांकि पुलिस किसी भी पहलू से इनकार नहीं कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के कारणों का खुलासा होने की उम्मीद है। फिलहाल पुलिस आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और मामले की गहन जांच जारी है#GreaterNoida

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दिल्ली जू में सियार को जिंदा जलाने के आरोप: बिल में मिर्च डालकर आग लगाने का दावा, केंद्र ने जांच बैठाई


 नई दिल्ली: नेशनल जूलॉजिकल पार्क (दिल्ली जू) से जुड़े एक गंभीर और सनसनीखेज आरोप सामने आए हैं। कर्मचारी यूनियन का दावा है कि पिछले साल दिसंबर में एक सियार को उसके बिल के अंदर मिर्च पाउडर डालकर आग लगाकर जिंदा मार दिया गया। आरोप यह भी है कि घटना के बाद बिना पोस्टमार्टम के शव को गुपचुप तरीके से ठिकाने लगा दिया गया, ताकि सबूत न मिल सकें।

मामले की गंभीरता को देखते हुए केंद्रीय पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय ने जांच के आदेश दिए हैं। मंत्रालय की एक टीम ने चिड़ियाघर का दौरा कर प्राथमिक पड़ताल भी की है। सियार वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत संरक्षित प्राणी है, ऐसे में आरोप सही पाए जाने पर यह कानून का गंभीर उल्लंघन माना जाएगा।

यूनियन की शिकायत के अनुसार, नवंबर में कुछ सियार अपने बाड़े से निकल गए थे। इनमें से एक सियार कथित तौर पर हिमालयी काले भालू के बाड़े (बीट नंबर-4) में चला गया। आरोप है कि उसे सुरक्षित निकालने के बजाय कथित तौर पर उसे वहीं खत्म करने की योजना बनाई गई। हालांकि, चिड़ियाघर प्रशासन की ओर से इन आरोपों पर आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार है।

जांच एजेंसियां अब घटना की परिस्थितियों, जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका और प्रक्रियात्मक चूक की पड़ताल कर रही हैं। सच क्या है, इसका खुलासा जांच रिपोर्ट के बाद ही हो सकेगा

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श्रीराम ने मकर संक्रांति पर उड़ाई पतंग, इंद्रलोक में मोहित हुई एक स्त्री – जानिए पूरी कथा

 


 मकर संक्रांति के अवसर पर पतंग उड़ाने की परंपरा का धार्मिक और ऐतिहासिक महत्व है। ऐसा माना जाता है कि भगवान श्रीराम ने बाल रूप में अपने भाइयों के साथ महल की छत से पहली बार पतंग उड़ाई थी। तुलसीदास के रामचरितमानस (बालकांड) में वर्णित है कि यह पतंग इंद्रलोक तक पहुंच गई, जहां एक स्त्री इस सुंदर पतंग को देखकर मोहित हो गई। उसे लगा कि इतनी सुंदर पतंग को उड़ाने वाला कितना आकर्षक होगा।

तमिल की तन्दनानरामायण के अनुसार, यह पतंग इंद्रलोक से वापस लौटी और इसी से पतंग उड़ाने की परंपरा शुरू हुई। आज भी मकर संक्रांति पर पतंगबाजी का आयोजन यही परंपरा निभाने और देवताओं को धन्यवाद अर्पित करने के उद्देश्य से किया जाता है।

पतंग उड़ाना न केवल धार्मिक महत्व रखता है, बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी फायदेमंद माना जाता है। सर्दियों में सूरज की किरणों का स्वागत करने और विटामिन डी प्राप्त करने के लिए सुबह की पतंगबाजी शरीर को ऊर्जा देती है और त्वचा संबंधी रोगों से बचाती है।


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बाबा ने कंधे पर हनुमान जी को बिठाया और पहुंचे सुल्तानपुर, गोमती किनारे बसे इस मंदिर की अद्भुत कथा


  भारत अपनी धार्मिक और आध्यात्मिक परंपराओं के लिए जाना जाता है। ऐसी ही एक रहस्यमयी और श्रद्धा से जुड़ी कहानी उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर में स्थित एक प्राचीन हनुमान मंदिर से जुड़ी है। गोमती नदी के किनारे स्थित यह मंदिर न केवल सुल्तानपुर बल्कि आसपास के जिलों में भी अपनी दिव्यता और आस्था के कारण प्रसिद्ध है।

मान्यता है कि सुल्तानपुर के संत बाबा सरवन दास अयोध्या से हनुमान जी की प्रतिमा को अपने कंधे पर उठाकर पैदल सुल्तानपुर तक लाए थे। बाद में उन्होंने कटावा गांव में अपनी कुटिया के पास इस प्रतिमा की स्थापना की, जहां आज भव्य हनुमान मंदिर स्थित है।

सुल्तानपुर मुख्यालय से करीब 7 किलोमीटर दूर कटावा ग्राम सभा में स्थित इस मंदिर की प्रतिमा लगभग 150 वर्ष पुरानी बताई जाती है। मंदिर के पुजारी रामनाथ कोरी के अनुसार, हनुमान जी की यह प्रतिमा अयोध्या में सरयू नदी के तट से लाई गई थी।

आज यह मंदिर श्रद्धालुओं के लिए आस्था का प्रमुख केंद्र बन चुका है, जहां दूर-दूर से लोग दर्शन के लिए पहुंचते हैं और गोमती तट पर बसे इस मंदिर की अनोखी कथा को सुनकर भाव-विभोर हो जाते हैं।


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Sunny Deol से रिश्ते के सवाल पर भड़कीं हेमा मालिनी, बोलीं—“बार-बार यही सवाल क्यों?”


 दिग्गज अभिनेत्री और सांसद हेमा मालिनी एक बार फिर अपने सौतेले बेटों सनी देओल और बॉबी देओल के साथ रिश्ते को लेकर पूछे गए सवाल पर नाराज़ नजर आईं। हेमा मालिनी और देओल परिवार के रिश्तों को लेकर यह सवाल अक्सर मीडिया में उठता रहा है, लेकिन हाल ही में पति धर्मेंद्र के निधन के बाद यह चर्चा और तेज हो गई है।

एक इंटरव्यू के दौरान जब हेमा मालिनी से सनी देओल के साथ उनके संबंधों को लेकर सवाल किया गया, तो उन्होंने साफ शब्दों में नाराजगी जाहिर की। उन्होंने कहा कि इस तरह के सवाल बार-बार पूछना गलत है और इससे निजी रिश्तों को बेवजह सार्वजनिक बहस का विषय बनाया जाता है।

हेमा मालिनी ने यह भी इशारा किया कि परिवार के अंदरूनी रिश्ते आपसी समझ और सम्मान पर आधारित होते हैं, जिन्हें मीडिया ट्रायल की जरूरत नहीं है। उनका मानना है कि कलाकार होने के बावजूद निजी जीवन की सीमाओं का सम्मान किया जाना चाहिए।

इस बयान के बाद एक बार फिर देओल परिवार को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं, हालांकि हेमा मालिनी का रुख साफ है कि वह इस विषय पर ज्यादा कुछ कहना नहीं चाहतीं।

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Tuesday, 13 January 2026

“सुप्रीम कोर्ट ने कहा: राज्य नौकरी किसी एक समूह तक सीमित नहीं, सभी नागरिकों को आवेदन का अधिकार”


 सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया कि किसी राज्य प्राधिकरण के तहत नौकरी को किसी विशेष समूह तक सीमित नहीं किया जा सकता। न्यायालय ने कहा कि सरकारी नौकरी एक सार्वजनिक संपत्ति है और देश के हर नागरिक को इसके लिए आवेदन करने का अधिकार है।

शीर्ष न्यायालय ने यह भी जोड़ा कि नियुक्ति में सुरक्षा उपाय इसलिए हैं ताकि भर्ती प्रक्रिया में कोई पक्षपात या बाहरी प्रभाव न हो और पारदर्शिता बनीरहे

अक्षय ओबेरॉय ने बताया यश की ‘टॉक्सिक’ सबसे चुनौतीपूर्ण फिल्म, कहा– धुआंधार एक्शन और पांच हीरोइनों के साथ काम करना बेहद खास”


 नई दिल्ली: कन्नड़ सुपरस्टार यश की मोस्ट अवेटेड फिल्म ‘टॉक्सिक: ए फेयरी टेल फॉर ग्रोन-अप्स’ के फैंस में जबरदस्त उत्साह है। 1980 के दशक के गोवा के क्राइम और ड्रग कार्टेल की दुनिया पर आधारित इस फिल्म में कियारा आडवाणी, नयनतारा, हुमा कुरैशी, तारा सुतारिया और रुक्मिणी वसंत जैसे सितारे भी नजर आएंगे। फिल्म 19 मार्च 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज होगी।

हाल ही में अभिनेता अक्षय ओबेरॉय ने फिल्म में अपने किरदार और तैयारी को लेकर खुलकर बातचीत की। उन्होंने कहा:

“‘टॉक्सिक’ मेरे करियर की अब तक की सबसे चुनौतीपूर्ण फिल्म रही। इस फिल्म के लिए मुझे **शारीरिक और मानसिक दोनों स्तरों पर पूरी तरह तैयार होना पड़ा।’

अक्षय ने आगे बताया कि फिल्म के एक्शन सीन्स सिर्फ फाइट या स्टंट्स तक सीमित नहीं थे। इसके लिए जबरदस्त अनुशासन, सहनशक्ति और मानसिक मजबूती की जरूरत थी। उन्होंने कहा:

“यह फिल्म मुझसे ऐसा परफॉर्मेंस मांग रही थी, जो मैंने पहले कभी नहीं किया। एक्शन के दौरान ताकत और दिमाग के बीच तालमेल बेहद जरूरी था। यह सफर रोमांचक होने के साथ-साथ बेहद चुनौतीपूर्ण भी रहा।”

फिल्म की स्टारकास्ट, इंटरनेशनल लेवल के एक्शन और अनूठी कहानी ने इसे पहले से ही चर्चा में बना दिया है।

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“मध्य प्रदेश पुलिस विवाद: मऊगंज के 1,000 FIR में सिर्फ 6 गवाह, गृह मंत्रालय के रिकॉर्ड ने खोला भेद”


 मऊगंज, मध्य प्रदेश: मऊगंज जिले की पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। डिजिटल क्राइम रिकॉर्ड्स और गृह मंत्रालय की परियोजना CCTNS (Crime and Criminal Tracking Network & Systems) की जांच में खुलासा हुआ कि वर्ष 2000 से अब तक दर्ज लगभग 1,000 FIR में केवल छह लोगों को ही बार-बार गवाह के रूप में शामिल किया गया।

अधिकारियों और दस्तावेजों के अनुसार, यही छह गवाह एक ही समय में कई मील दूर अलग-अलग गांवों में मौजूद बताये गए, जिससे उनकी वास्तविक उपस्थिति और पुलिस कार्रवाई की वैधता पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।

RTI कार्यकर्ता कुंज बिहारी तिवारी ने 2022 में इस मामले की पहली शिकायत दर्ज कराई थी। दिसंबर 2025 में विस्तृत सबूतों के साथ दूसरी शिकायत में आरोप लगाया गया कि नईगढ़ी और लौर थानों के पूर्व SHO जगदीश सिंह ठाकुर ने अपने पद का दुरुपयोग कर चुनिंदा लोगों को बार-बार गवाह बनाकर FIR दर्ज कराए।

विशेष रूप से यह मामला अब भ्रष्टाचार और पुलिस कार्यप्रणाली की पारदर्शिता पर सवाल खड़ा कर रहा है। मऊगंज पुलिस और SHO जगदीश सिंह ठाकुर की भूमिका पर जांच जारी है।

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नोनीहाट: धर्म कांटा में चोरी, ताला तोड़कर 1 लाख रुपए का सामान उड़ा लिया”


नोनीहाट से रिपोर्ट: धर्म कांटा में चोरी की घटना सामने आई है। अज्ञात चोरों ने दुकान का ताला तोड़कर करीब 1 लाख रुपए मूल्य का सामान चुरा लिया।

स्थानीय पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जाँच शुरू कर दी है और चोरी में शामिल संदिग्धों की पहचान के लिए सीसीटीवी फुटेज और अन्य सुरागों का अध्ययन कर रही है।

पुलिस ने नागरिकों से भी अपील की है कि संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तुरंत दें ताकि जल्द से जल्द अपराधियों को गिरफ्तार किया जा सके।

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विराट-अनुष्का ने संत प्रेमानंद से लिया आशीर्वाद, गुरु दीक्षा की कंठी पहनकर कही– ‘अब हम आपके, आप हमारे’”


 क्रिकेट सुपरस्टार विराट कोहली और बॉलीवुड एक्ट्रेस अनुष्का शर्मा हाल ही में संत प्रेमानंद महाराज से मिलने पहुंचे। इस अवसर पर दोनों ने गुरु दीक्षा की कंठी पहनकर आशीर्वाद प्राप्त किया।

अनुष्का ने कहा,

“महाराज अब हम आपके, आप हमारे।”

संत प्रेमानंद ने हंसते हुए जवाब दिया,

“हम सब श्रीजी के हैं।”

इस मौके पर दोनों सितारों ने अपने आध्यात्मिक सफर और गुरु की शिक्षाओं को अपनाने का संकल्प व्यक्त किया।

फैंस और भक्तों के लिए यह मिलन आध्यात्मिक और प्रेरणादायक पल साबित हुआ#ViratKohli #AnushkaSharma #SantPremanand #SpiritualJourney #GuruDeeksha #DivineBlessings #Celebr

Monday, 12 January 2026

ईरान संकट में ट्रंप फंसे इंदिरा गांधी जैसी दुविधा में, अमेरिकी सेना ने जल्दबाज़ी से किया आगाह


 अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान में जारी सरकार-विरोधी प्रदर्शनों को समर्थन देने का मन बना लिया है। रिपोर्टों के मुताबिक व्हाइट हाउस में लगातार बैठकों का दौर चल रहा है, जहां सैन्य कार्रवाई, साइबर अटैक और इंटरनेट सपोर्ट जैसे कई विकल्पों पर विचार किया जा रहा है।

हालांकि अमेरिकी सेना ने ट्रंप को जल्दबाज़ी से कदम न उठाने की सलाह दी है। यह स्थिति 1971 में इंदिरा गांधी और जनरल सैम मानेकशॉ के बीच हुई चर्चा जैसी बताई जा रही है, जब सेना ने तैयारी के लिए समय मांगा था।

सूत्रों के अनुसार ईरान में बढ़ते प्रदर्शनों, इंटरनेट ब्लैकआउट और सुरक्षा बलों की कार्रवाई ने अमेरिका को सक्रिय होने पर मजबूर किया है। वहीं इज़रायल ने फिलहाल सार्वजनिक रूप से हस्तक्षेप से दूरी बनाते हुए अमेरिका को आगे बढ़ने देने का फैसला किया है।

अमेरिका के भीतर भी इस मुद्दे पर मतभेद हैं—कुछ सांसदों को डर है कि सैन्य कार्रवाई से ईरानी जनता सरकार के पक्ष में आ सकती है, जबकि कुछ नेता प्रदर्शनकारियों को खुला समर्थन देने के पक्ष में हैं। ईरान ने चेतावनी दी है कि किसी भी अमेरिकी हमले का कड़ा जवाब दिया जाएगा।


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